रजत जयंती पर महिला एवं बाल विकास विभाग का आयोजन
महिला सशक्तिकरण और आत्मनिर्भरता की दिशा में महत्वपूर्ण पहल : धरमलाल कौशिक
बिलासपुर। महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा आयोजित रजत जयंती समारोह में पूर्व विधानसभा अध्यक्ष धरमलाल कौशिक मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। उन्होंने छत्तीसगढ़ महतारी के छायाचित्र के समक्ष दीप प्रज्वलित कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया।
समारोह को संबोधित करते हुए श्री कौशिक ने कहा कि यह आयोजन महिलाओं और बालिकाओं के सशक्तिकरण, उनके अधिकारों की रक्षा और आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में एक सराहनीय कदम है। विभाग की पहल न केवल समाज में जागरूकता फैलाती है, बल्कि आने वाली पीढ़ी को सुरक्षित, शिक्षित और सशक्त वातावरण प्रदान करने में भी सहायक है।
उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ की स्थापना से लेकर 25 वर्षों की उपलब्धियां रजत जयंती पर्व के रूप में गर्व का विषय हैं। भारतीय संस्कृति में माताओं का सर्वोच्च स्थान है — मां दुर्गा शक्ति की, मां लक्ष्मी धन की और मां सरस्वती विद्या की प्रतीक हैं। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा महतारी वंदन योजना और प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना जैसी योजनाएं चलाई जा रही हैं, जिनसे महिलाएं पूर्ण रूप से लाभान्वित हो रही हैं और आत्मनिर्भर बन रही हैं।

कौशिक ने कहा कि आज महिलाएं घर-परिवार तक सीमित नहीं रहीं, बल्कि राजनीति और स्व सहायता समूहों में सक्रिय भूमिका निभा रही हैं। श्रद्धेय अटल बिहारी वाजपेयी जी ने छत्तीसगढ़ को अलग राज्य बनाकर इसके सर्वांगीण विकास का मार्ग प्रशस्त किया। इसी कड़ी में महिला सशक्तिकरण राज्य की प्रगति का अहम हिस्सा है।
इस अवसर पर विभाग के अधिकारी, कर्मचारी और बड़ी संख्या में महिलाएं एवं बालिकाएं उपस्थित थीं।



